कैरिबियन में अमेरिकी जहाज की तैनाती से मादुरो में मचा हड़कंप, ट्रंप के कदम से भड़का तनाव
यूएसएस जेराल्ड आर फोर्ड की तैनाती के बाद वेनेजुएला ने अमेरिका पर युद्ध की साजिश रचने का लगाया आरोप, ट्रंप बोले- ड्रग माफियाओं पर कार्रवाई के लिए तैयारियां
वेनेजुएला और अमेरिका के बीच तनाव तेजी से बढ़ता जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दुनिया के सबसे बड़े और अत्याधुनिक विमानवाहक पोत यूएसएस जेराल्ड आर फोर्ड (USS Gerald R. Ford) को कैरिबियन की ओर भेजने का आदेश दिया है। इसके बाद वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने अमेरिका पर युद्ध का माहौल बनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका ड्रग तस्करी के नाम पर वेनेजुएला की संप्रभुता पर हमला करने की तैयारी कर रहा है। मादुरो ने कहा, “उन्होंने वादा किया था कि फिर कभी युद्ध नहीं करेंगे, लेकिन अब वे खुद युद्ध का निर्माण कर रहे हैं।”
अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने शुक्रवार को इस एयरक्राफ्ट कैरियर को भूमध्यसागर से कैरिबियन की ओर भेजने का आदेश दिया। यह जहाज करीब 90 विमानों को ले जाने में सक्षम है और अपने साथ पांच विध्वंसक (destroyer) जहाजों को भी लेकर जा रहा है। यह कदम अमेरिकी सैन्य उपस्थिति में बड़े पैमाने पर बढ़ोतरी का संकेत माना जा रहा है। पेंटागन ने कहा है कि यह मिशन मादक पदार्थों की तस्करी पर नकेल कसने के लिए है, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि इसके पीछे अमेरिका की वेनेजुएला सरकार को अस्थिर करने की रणनीति छिपी है।
अमेरिका की बढ़ती सैन्य तैयारियां
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका ने कैरिबियन क्षेत्र में न केवल एयरक्राफ्ट कैरियर बल्कि युद्धपोत, बॉम्बर, फाइटर जेट, ड्रोन और मरीन दस्ते भी तैनात कर दिए हैं। साथ ही CIA को भी वेनेजुएला के भीतर ऑपरेशन की अनुमति दे दी गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने साफ कहा है कि उनका उद्देश्य ड्रग तस्करों पर शिकंजा कसना है, लेकिन यूएसएस जेराल्ड फोर्ड जैसे विशाल स्ट्राइक ग्रुप की तैनाती केवल तस्करी अभियान के लिए नहीं हो सकती। कई विश्लेषक मानते हैं कि यह किसी संभावित सैन्य टकराव की तैयारी है।
मादुरो सरकार की प्रतिक्रिया और तैयारी
निकोलस मादुरो ने अमेरिका पर खुले तौर पर युद्ध की साजिश रचने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि उनकी सेना पूरी तरह सतर्क है और देश में 5,000 से अधिक एंटी-एयरक्राफ्ट मिसाइलें तैयार हैं। मादुरो ने चेतावनी दी कि अगर अमेरिका ने एक भी गलती की तो उसे करारा जवाब मिलेगा। वहीं, वेनेजुएला के सैन्य ठिकानों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
तनाव की दिशा में बढ़ते कदम
अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ट्रंप प्रशासन वेनेजुएला के ड्रग नेटवर्क और कोकीन उत्पादन केंद्रों पर सीधा हमला करने पर विचार कर रहा है। ट्रंप पहले ही मादुरो पर 50 मिलियन डॉलर का इनाम घोषित कर चुके हैं। ऐसे में यह कदम साफ संकेत देता है कि अमेरिका अब मादुरो सरकार को खत्म करने की दिशा में बढ़ रहा है।
कुल मिलाकर, कैरिबियन क्षेत्र में अमेरिका की सैन्य गतिविधियों ने लैटिन अमेरिका में चिंता बढ़ा दी है। एक तरफ ट्रंप इसे “ड्रग्स के खिलाफ अभियान” बता रहे हैं, वहीं दूसरी ओर मादुरो इसे “युद्ध की साजिश” करार दे रहे हैं। अगर हालात ऐसे ही बने रहे, तो यह विवाद आने वाले दिनों में बड़े अंतरराष्ट्रीय टकराव का रूप ले सकता है।
Share this content:
