April 17, 2026

चीन-अमेरिका टैरिफ वॉर में भारत को मिल सकता है बड़ा मौका, एयर इंडिया खरीद सकती है बोइंग विमान

चीन और अमेरिका के बीच चल रहे टैरिफ वॉर के चलते वैश्विक विमानन बाजार में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। चीन ने अमेरिकी विमान निर्माता कंपनी बोइंग के प्लेनों को रिजेक्ट कर दिया है। इस स्थिति का लाभ भारत को मिल सकता है, क्योंकि एयर इंडिया लिमिटेड अब इन विमानों को खरीदने में दिलचस्पी दिखा रही है। टाटा समूह के स्वामित्व वाली एयर इंडिया को नए विमानों की सख्त जरूरत है और इसी के तहत वह बोइंग से जेट विमान खरीदने की योजना पर काम कर रही है। रिपोर्ट्स के अनुसार, ये वही विमान हैं जिन्हें बोइंग ने चीनी एयरलाइंस के लिए तैयार किया था, लेकिन टैरिफ वॉर की वजह से मामला रुक गया है।

 

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार अमेरिका द्वारा लगाए गए 125 प्रतिशत टैरिफ के बाद चीन ने बोइंग विमानों को लेने से मना कर दिया। उस समय बोइंग के पास डिलीवरी के लिए तैयार 10 विमान थे, जो अब बिना खरीदार के रह गए हैं। ऐसे में अमेरिका को आर्थिक नुकसान हो सकता था, लेकिन भारत और मलेशिया इस स्थिति को संतुलित कर सकते हैं। भारत के साथ-साथ मलेशिया ने भी इन विमानों को खरीदने में रुचि दिखाई है, जिससे अमेरिका को राहत मिल सकती है।

 

एयर इंडिया 30 से 40 वाइड बॉडी एयरक्राफ्ट खरीदने की तैयारी में है। इसके लिए वह बोइंग और एयरबस दोनों के संपर्क में है। इनमें एयरबस का A350 और बोइंग का 777X मॉडल प्रमुख हैं। इस खरीद को लेकर फाइनल फैसला जून में पेरिस एयर शो के दौरान आ सकता है।

 

बोइंग विमानों की कीमत उनके आकार और सुविधाओं पर निर्भर करती है। आमतौर पर एक बोइंग विमान की कीमत 4000 करोड़ रुपये तक हो सकती है। हालांकि छोटे विमान इससे कम कीमत पर भी उपलब्ध हैं। उदाहरण के तौर पर, बोइंग 737 मैक्स की कीमत लगभग 900 से 1100 करोड़ रुपये है, जो छोटी दूरी की उड़ानों के लिए उपयुक्त है। वहीं, बोइंग 777 की कीमत 2500 से 3500 करोड़ रुपये के बीच होती है और इसमें 300 से 400 यात्री बैठ सकते हैं।

Share this content:

About The Author

error: Content is protected !!