April 20, 2026

अंतरिक्ष यात्रियों को ओवरटाइम वेतन नहीं मिलने पर राष्ट्रपति ट्रंप ने अपनी जेब से देने का किया वादा, एलन मस्क की तारीफ

हाल ही में अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) से पृथ्वी पर लौटे अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर को एक अप्रत्याशित घटना का सामना करना पड़ा। ये दोनों अंतरिक्ष यात्री सिर्फ आठ दिन के लिए स्पेस स्टेशन पर गए थे, लेकिन तकनीकी खराबी के कारण उनका मिशन नौ महीने तक बढ़ गया। इस लंबे प्रवास के दौरान, ये दोनों और अन्य अंतरिक्ष यात्री नियमित रूप से 5 डॉलर प्रति दिन के हिसाब से ओवरटाइम वेतन के हकदार थे। हालांकि, जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को इस बात की जानकारी मिली कि इन अंतरिक्ष यात्रियों को ओवरटाइम वेतन नहीं मिला, तो उन्होंने अपने खर्चे पर वेतन देने का वादा किया।

ओवरटाइम वेतन के बारे में जानकारी मिलने के बाद ट्रंप का बड़ा बयान
व्हाइट हाउस में एक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान फॉक्स न्यूज के पत्रकार पीटर डूसी ने राष्ट्रपति ट्रंप को सूचित किया कि सुनीता विलियम्स, बुच विल्मोर और अन्य अंतरिक्ष यात्रियों को उनके निर्धारित समय से ज्यादा दिनों तक स्पेस में रहने के बावजूद ओवरटाइम वेतन नहीं मिला था। उन्हें 286 दिनों के लिए कुल 1,430 डॉलर (करीब 1 लाख 22 हजार 980 भारतीय रुपये) मिलना चाहिए था। राष्ट्रपति ट्रंप ने इस पर हैरान होते हुए कहा कि उन्हें इस बारे में पहले कोई जानकारी नहीं थी, लेकिन अब वह अपनी जेब से इन अंतरिक्ष यात्रियों को वेतन देने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा, “जो कुछ उन्होंने सहा है, उसके लिए यह करना कोई बड़ी बात नहीं है।”

एलन मस्क का धन्यवाद और स्पेस मिशन का महत्व
राष्ट्रपति ट्रंप ने आगे कहा कि स्पेस मिशन में स्पेसएक्स के संस्थापक एलन मस्क का योगदान बहुत महत्वपूर्ण रहा है। ट्रंप ने कहा, “अगर हमारे पास मस्क नहीं होते तो क्या होता?” और आगे जोड़ा, “भले ही वो कैप्सूल में थे, लेकिन लंबे समय तक स्पेस में रहने से शरीर की स्थिति खराब होनी शुरू हो जाती।” ट्रंप ने मस्क का धन्यवाद करते हुए कहा कि उनके कारण ही इन अंतरिक्ष यात्रियों को सुरक्षित रूप से धरती पर वापस लाया जा सका।

मिशन की शुरुआत और तकनीकी खराबी
सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर का मिशन शुरू में सिर्फ 8 दिन के लिए था, क्योंकि वे बोइंग के नए स्टारलाइनर कैप्सूल के परीक्षण में शामिल हो रहे थे। हालांकि, तकनीकी खराबी के कारण उन्हें स्पेस स्टेशन पर 9 महीने तक रहना पड़ा। यह घटनाक्रम सितंबर 2024 में शुरू हुआ, जब अंतरिक्ष यान यात्रियों के बिना वापस पृथ्वी पर लौट आया। इस अप्रत्याशित स्थिति ने इन दोनों अंतरिक्ष यात्रियों के लिए एक लंबी यात्रा का रूप ले लिया, जिसके बाद उन्हें वापस लाने के लिए स्पेसएक्स का मदद ली गई।

अंतरिक्ष में लंबे समय तक रहना और स्वास्थ्य पर असर
राष्ट्रपति ट्रंप ने यह भी कहा कि अगर यह मिशन और लंबा होता तो अंतरिक्ष यात्रियों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ सकता था। उन्होंने यह उदाहरण देते हुए बताया कि 14-15 महीनों के बाद हड्डियों में कमजोरी और शरीर की अन्य समस्याएं हो सकती हैं। इसके बावजूद, स्पेसएक्स और एलन मस्क की मदद से ये अंतरिक्ष यात्री सुरक्षित तरीके से वापस लौट सके।

इस घटना ने न केवल अंतरिक्ष मिशन के संचालन को लेकर सवाल खड़े किए, बल्कि यह भी दिखाया कि कैसे तकनीकी खामियां मानव जीवन पर असर डाल सकती हैं। हालांकि, राष्ट्रपति ट्रंप के द्वारा ओवरटाइम वेतन देने का वादा और एलन मस्क की सराहना ने इस संकट को कम किया, और अंतरिक्ष यात्रियों को उनके कठिन समय के लिए उचित सम्मान दिया।

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