April 30, 2026

भारत में टैक्स-फ्री शराब की बिक्री में रिकॉर्ड तोड़ बढ़ोतरी, Gen Z बना बड़ा ड्राइविंग फोर्स

भारत में ड्यूटी-फ्री शराब की बिक्री 2024 में तेजी से बढ़ी है और घरेलू बाजार की तुलना में इसका ग्रोथ रिकॉर्ड बना दिया है. आईडब्ल्यूएसआर के आंकड़ों के मुताबिक, ड्यूटी-फ्री और ट्रैवल रिटेल वॉल्यूम में 13 फीसदी की बढ़ोतरी हुई, जबकि घरेलू दुकानों में यह सिर्फ 6 फीसदी रही. इस ग्रोथ में सबसे बड़ा योगदान व्हिस्की का रहा, जिसकी सेल में 12 फीसदी का इजाफा देखा गया और यह कुल बिक्री का तीन-चौथाई हिस्सा बना.

विशेषज्ञों के अनुसार, बढ़ते एयर ट्रैवल, उच्च डिस्पोजेबल इनकम और Gen Z की ब्रांड फोकस खरीदारी की प्रवृत्ति ने ड्यूटी-फ्री शराब की मांग को बढ़ावा दिया है. आईडब्ल्यूएसआर की सीनियर इनसाइट मैनेजर चार्लोट रीड के अनुसार, अगले पांच सालों में भारतीय पैसेंजर्स की संख्या में 50 फीसदी की वृद्धि होने की उम्मीद है, जिससे ग्लोबल ट्रैवल रिटेल (GTR) की सफलता के लिए भारतीय यात्री महत्वपूर्ण बनेंगे.

हालांकि घरेलू शराब बाजार में बिक्री में गिरावट आई है, लेकिन हवाई अड्डों पर टैक्स-फ्री बिक्री ने इस कमी को पूरी तरह कवर कर दिया. रेडिको खेतान के सीओओ अमर सिन्हा ने बताया कि यात्री एयरपोर्ट पर बिताए समय का इस्तेमाल ब्रांड्स, खासकर प्रीमियम और लग्जरी सेगमेंट के उत्पादों को जानने और खरीदने में कर रहे हैं. इसका असर सीधे बिक्री पर पड़ रहा है और ब्रांड अनुभव को बढ़ावा मिल रहा है.

ड्यूटी-फ्री बिक्री में स्कॉच और व्हिस्की की बढ़त भी उल्लेखनीय रही. 2024 में स्कॉच की बिक्री में 11 फीसदी और अमेरिकी व्हिस्की की बिक्री में 8 फीसदी की वृद्धि दर्ज हुई, जबकि भारतीय व्हिस्की ने 10 फीसदी का ग्रोथ देखा. यहां तक कि भारतीय व्हिस्की की प्राइस में 18 फीसदी की बढ़ोतरी के बावजूद ड्यूटी-फ्री चैनल में इसकी मांग बनी रही.

वोदका की बिक्री में भी जोरदार उछाल देखा गया, जो घरेलू बाजार की वृद्धि से लगभग तीन गुना तेज़ था, 48 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई. चार्लोट रीड ने कहा कि तीन साल पहले तक भारतीय व्हिस्की की जीटीआर में उपस्थिति कम थी, लेकिन अब उपभोक्ताओं के बढ़ते ब्रांड जागरूकता और अनुभवात्मक खर्च के कारण इसमें तेजी से बदलाव आया है.

विशेषज्ञ मानते हैं कि जेनरेशन ज़ेड और मिलेनियल कंज्यूमर्स इस बढ़ती बिक्री में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं. उनकी ब्रांड फोकस और अनुभवात्मक खरीदारी की प्रवृत्ति ने एयरपोर्ट और ट्रैवल रिटेल चैनलों के लिए नए अवसर पैदा किए हैं, जिससे भारतीय ड्यूटी-फ्री शराब मार्केट रिकॉर्ड तोड़ ग्रोथ हासिल करने में सफल रहा है.

Share this content:

About The Author

error: Content is protected !!