December 7, 2025

मुंबई: सेंसेक्स-निफ्टी ऑल टाइम हाई पर, फिर भी आम निवेशक क्यों नहीं कमा पा रहे पैसा — जानें असली वजह

शेयर बाजार में लगातार तेजी है. सेंसेक्स और निफ्टी दोनों रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच चुके हैं, लेकिन आश्चर्य की बात यह है कि रिटेल निवेशकों के पोर्टफोलियो में यह रौनक बिल्कुल नहीं दिख रही. कई निवेशकों को अभी भी नुकसान दर्ज हो रहा है, जबकि इंडेक्स नए-नए हाई बना रहा है. ऐसे में बड़ा सवाल यह उठता है कि आखिर मार्केट के उछाल का फायदा आम निवेशकों तक क्यों नहीं पहुंच पा रहा? इसका जवाब स्टॉक मार्केट की आंतरिक चाल में छिपा है, जिसे समझना बेहद जरूरी है.

सबसे बड़ी वजह यह है कि बाजार की तेजी बेहद चुनिंदा बड़े स्टॉक्स पर टिकी है. इंडेक्स में शामिल कुछ हैवीवेट स्टॉक्स शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं और वही पूरे सेंसेक्स-निफ्टी को ऊपर खींच रहे हैं. लेकिन असल बाजार यानी स्मॉल-कैप, माइक्रो-कैप और कई मिड-कैप सेक्टर अभी भी अपने पुराने स्तरों से नीचे फंसे हुए हैं. निफ्टी स्मॉलकैप करीब 9% गिरा हुआ है और माइक्रोकैप इंडेक्स लगभग 10% नीचे चल रहा है. दिलचस्प बात यह है कि रिटेल इन्वेस्टर्स का सबसे ज्यादा निवेश इन्हीं छोटे स्टॉक्स में होता है, इसलिए इंडेक्स ऊपर होने के बावजूद उनके पोर्टफोलियो में नुकसान झलकता है.

मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि निफ्टी की रैली को खींचने वाले स्टॉक्स 8–10 बड़े हैवीवेट कंपनियों तक सीमित हैं. SAMCO रिसर्च के मुताबिक, इन्हीं चुनिंदा कंपनियों की तेजी से ऐसा भ्रम होता है कि पूरा मार्केट चमक रहा है, जबकि बड़े हिस्से की हालत कमजोर बनी हुई है. रिटेल निवेशकों के लिए असली राहत तब आएगी जब बढ़त सिर्फ बड़े स्टॉक्स तक सीमित न रहकर पूरे मार्केट में फैले. यानी मिड-कैप, स्मॉल-कैप और माइक्रो-कैप सेगमेंट भी तेज़ी पकड़ें. एक्सपर्ट मानते हैं कि फिलहाल छोटे स्टॉक्स पर दबाव बना रह सकता है, इसलिए पोर्टफोलियो में सुधार आने में अभी समय लग सकता है.

Share this content:

About The Author

error: Content is protected !!