दिल्ली-देशभर में वेडिंग सीजन शुरू, सोने के दाम चढ़े तो 14 कैरेट की हल्की ज्वेलरी पर टूटा खरीदारों का जोर
देश में वेडिंग सीजन अपने चरम पर है और इसी बीच गोल्ड की आसमान छूती कीमतों ने लोगों की पसंद को बदल दिया है. भारी डिजाइन वाली ज्वेलरी के बजाय खरीदार अब 14 कैरेट के हल्के गहनों की ओर तेजी से झुक रहे हैं. जनवरी से अब तक सोने की कीमतों में 60% से ज्यादा उछाल आया है, जिसके चलते जॉय अलुक्कास, PNG, सेंको गोल्ड और कल्याण जैसे ज्वैलर्स बता रहे हैं कि इस बार लोगों की पहली पसंद कम कैरेट और लाइट वेट ज्वेलरी बन गई है. हल्के गहनों पर मेकिंग चार्ज कम लगता है और कुल कीमत भी कम पड़ती है, इसलिए शादी करने वाले परिवार इन्हें अधिक प्रेफर कर रहे हैं.
ज्वैलर्स के मुताबिक 18 कैरेट गोल्ड की कीमत लगभग 94,000 रुपये प्रति 10 ग्राम और 14 कैरेट की लगभग 73,000 रुपये है. कीमतों में निरंतर बढ़ोतरी की वजह से इसकी रीसैल वैल्यू भी अच्छी मिल रही है, यही वजह है कि युवा जोड़े भारी डिजाइन या डायमंड जड़ी ज्वेलरी की जगह ऐसे विकल्प चुन रहे हैं जो दोबारा बेचने पर बेहतर रिटर्न दे सकें. खास बात यह है कि इस सीजन डायमंड ज्वेलरी की मांग सामान्य बनी हुई है क्योंकि हीरों की कीमत में खास बढ़ोतरी नहीं हुई, जबकि रीसैल वैल्यू सिर्फ 80–90% तक मिलती है. ऐसे में खरीदार सुंदरता से ज्यादा व्यावहारिकता और निवेश को महत्व दे रहे हैं.
कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) ने इस सीजन में करीब 48 लाख शादियों का अनुमान लगाया है, जिसने गोल्ड मार्केट में जबरदस्त रौनक ला दी है. जॉय अलुक्कास के CEO बेबी जॉर्ज के अनुसार, जो ग्राहक ज्यादा खर्च करने में सक्षम हैं, वे अभी भी भारी सोने की ज्वेलरी खरीद रहे हैं. लेकिन कुल मांग में लाइट वेट ज्वेलरी ही शीर्ष पर है. त्योहारी सीजन में हालांकि डायमंड ज्वेलरी की खरीदारी ज्यादा रही, लेकिन शादी के मौसम में गोल्ड की ओर रुझान तेजी से बढ़ा है क्योंकि इसकी रीसैल वैल्यू और सुरक्षित निवेश का भरोसा लोगों को ज्यादा आकर्षित कर रहा है.
Share this content: