May 5, 2026

रेवाड़ी हत्याकांड: पिता की हत्या के पीछे निकले बेटे, जमीन विवाद बना खौफनाक वारदात की वजह

हरियाणा के रेवाड़ी जिले में 31 मई को कालाका नहर के पास मिले एक शव ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी थी। शव की पहचान संगवाड़ी गांव के 55 वर्षीय लाल सिंह के रूप में हुई थी, और शुरू में यह मामला एक अज्ञात हमलावर की करतूत माना जा रहा था। लेकिन अब पुलिस ने इस हत्याकांड में जो खुलासा किया है, वह चौंका देने वाला है—लाल सिंह की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उनके ही बेटों ने मिलकर की थी।

कैसे हुआ खुलासा?
शुरुआती जांच में पुलिस को शव की लोकेशन और मृतक के गांव के बीच खून के निशान मिले, जिससे स्पष्ट हुआ कि शव को कहीं और से लाकर फेंका गया है। मृतक के भाई की शिकायत पर हत्या का केस दर्ज किया गया और जांच शुरू हुई।

कौन हैं आरोपी?
पुलिस ने इस मामले में लाल सिंह के बेटे मोहित और उसके दोस्त पवन खुशवाह को गिरफ्तार किया है। पवन मूल रूप से मथुरा का रहने वाला है और वर्तमान में बनीपुर चौक के पास किराये पर रहता है। तीसरा आरोपी, लाल सिंह का दूसरा बेटा रोहित, पहले से एक आर्म्स एक्ट के केस में जेल में है। उसे भी अब इस मामले में प्रोडक्शन वारंट पर लाकर पूछताछ की जाएगी।

कैसे दी गई थी हत्या को अंजाम?
पूछताछ में सामने आया कि मोहित, रोहित और पवन ने मिलकर लाल सिंह की हत्या की योजना बनाई थी। उन्होंने लोहे की मुसली से उनके सिर पर वार किया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। फिर शव को बाइक पर रखकर कालका नहर के पास फेंक दिया गया।

क्यों की गई हत्या?
पुलिस पूछताछ में मोहित ने बताया कि यह हत्या पारिवारिक जमीन के विवाद को लेकर की गई थी। लाल सिंह की जमीन को लेकर बेटों में लगातार तनातनी चल रही थी, और इसी गुस्से में उन्होंने अपने ही पिता को मौत के घाट उतारने की साजिश रची।

फिलहाल की स्थिति
पुलिस ने दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर एक दिन की रिमांड पर लिया है और तीसरे बेटे रोहित से भी पूछताछ की तैयारी कर रही है। यह मामला परिवार के भीतर पनपते तनाव और लालच की खतरनाक परिणति का उदाहरण बन गया है, जिसने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है।

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