लॉर्ड्स में मिली हार ने तोड़ दिया जडेजा का दिल, बोले- “पूरी ज़िंदगी इसी के लिए खेला था… दर्द तो रहेगा ही”
लॉर्ड्स टेस्ट में टीम इंडिया की हार ने जहां फैंस को निराश किया, वहीं रवींद्र जडेजा जैसे सीनियर खिलाड़ी को अंदर तक झकझोर दिया। मैच के आखिरी पलों तक टिके रहने वाले जडेजा भले ही नाबाद पवेलियन लौटे हों, लेकिन उनकी आंखों में हार की पीड़ा साफ झलक रही थी। आखिर क्या हुआ लॉर्ड्स में, जो भारतीय ड्रेसिंग रूम में सन्नाटा पसरा और खिलाड़ियों की उम्मीदें टूट गईं?
भारत इस ऐतिहासिक मैदान पर सिर्फ 22 रनों से हार गया, लेकिन यह आंकड़ा जितना छोटा है, उतना ही भारी है। टीम इंडिया जीत के बेहद करीब थी, और ऐसे में रवींद्र जडेजा की जुझारू पारी एक मिसाल बन गई। उन्होंने 181 गेंदों में नाबाद 61 रन बनाए और आखिरी दम तक संघर्ष करते रहे। मगर दूसरी छोर से कोई साथ न मिलने के कारण भारत ये मुकाबला गंवा बैठा।
मैच के बाद जडेजा का दर्द उनके शब्दों में छलक पड़ा। उन्होंने भावुक होकर कहा, “हमने पूरी जिंदगी इसी के लिए मेहनत की है, इस दौरे की तैयारी की, रणनीतियां बनाईं। जब आप इतने करीब आकर हारते हैं तो वो दर्द दिल में रह जाता है। चाहे कोई कुछ भी समझाए, लेकिन जो पीड़ा होती है, वो आसानी से नहीं जाती।”
इस करारी हार पर पूर्व क्रिकेटर अजय जडेजा की भी तीखी प्रतिक्रिया आई। उन्होंने कहा कि टीम इंडिया के लिए इस हार को पचाना आसान नहीं होगा। “जब आप मैच में लगभग जीत चुके होते हैं और फिर हार जाते हैं तो वो भावनात्मक रूप से बहुत तोड़ देता है। रवींद्र जडेजा से ज्यादा निराश शायद ही कोई और खिलाड़ी हो। ड्रेसिंग रूम का माहौल बहुत ही निराशाजनक रहा होगा,” अजय ने कहा।
उन्होंने आगे ये भी जोड़ा कि यही वो मौके होते हैं जो असली टीम को बनाते हैं। “हर टीम को ऐसे झटकों से गुजरना पड़ता है। फर्क बस इतना है कि कुछ टीमें इससे मजबूत होकर उभरती हैं, जबकि कुछ बिखर जाती हैं। अब देखना होगा कि भारतीय टीम इसका जवाब कैसे देती है।”
लॉर्ड्स में मिली यह हार केवल एक आंकड़ा नहीं, बल्कि एक ऐसा अध्याय बन गई है जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा – खासकर उन खिलाड़ियों के लिए जिन्होंने अपना सब कुछ झोंक दिया लेकिन अंत में हाथ खाली रह गए।
Share this content:
