April 24, 2026

सिंधु जल समझौते पर मौलाना मदनी के बयान से मचा सियासी बवाल, कहा – ‘अगर कोई पानी रोकता है, तो रोकने दो, लेकिन पानी ले जाओगे कहां?’

जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। भारत सरकार ने इस हमले में 26 निर्दोष पर्यटकों की मौत के बाद कई कड़े कदम उठाए, जिनमें सिंधु जल समझौते को निलंबित करना भी शामिल है। पूरे देश में भारत की इस सख्त कार्रवाई को व्यापक समर्थन मिल रहा है, लेकिन इसी बीच जमीयत-उलेमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी का एक बयान सामने आया है, जिसने नया विवाद खड़ा कर दिया है।

मदनी बोले – ‘नदियां हजारों सालों से बह रही हैं’

मौलाना मदनी ने एक कार्यक्रम के दौरान कहा, “अगर कोई देश पानी रोकता है, तो उसे रोकने दो। ये नदियां हजारों सालों से बह रही हैं। आपने पानी रोक भी दिया तो आप उसे कहां ले जाएंगे?” उनके इस बयान को लेकर सियासी हलकों में तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने आगे कहा, “मुझे लगता है कि नियम प्रेम का होना चाहिए, नफरत का नहीं। एक मुस्लिम के रूप में जो इस देश में जीवन जी रहा है, मैं महसूस करता हूं कि जिन चीजों को आज बढ़ावा दिया जा रहा है, वे देश के हित में नहीं हैं।”

बयान को लेकर मचा घमासान

मौलाना मदनी का यह बयान ऐसे समय आया है जब भारत सरकार ने स्पष्ट रूप से पाकिस्तान के खिलाफ मजबूत रुख अपनाते हुए सिंधु जल समझौते को स्थगित किया है, जिससे पाकिस्तान को बड़ी जल आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। सोशल मीडिया और राजनीतिक मंचों पर मदनी के बयान को लेकर नाराजगी जताई जा रही है। कई लोगों का कहना है कि जब देश एकजुट होकर आतंकवाद के खिलाफ खड़ा है, तब इस तरह के बयान भ्रम पैदा कर सकते हैं।

भारत ने पाकिस्तान पर कसा शिकंजा

पहलगाम हमले के बाद भारत ने न सिर्फ सिंधु जल समझौते को रोका है, बल्कि पाकिस्तान के खिलाफ कई और ठोस कदम भी उठाए हैं:

पाकिस्तानियों को दिए गए सभी वीजा रद्द कर दिए गए हैं।

भारत ने पाकिस्तान स्थित अपने उच्चायोग से रक्षा सलाहकारों को वापस बुला लिया है।

भारत ने पाकिस्तान के साथ व्यापारिक संबंध पूरी तरह समाप्त कर दिए हैं।

पाकिस्तान की ओर से आने वाले सभी जहाजों के भारतीय बंदरगाहों में प्रवेश पर रोक लगा दी गई है।

भारत ने पाकिस्तान की उड़ानों के लिए अपना हवाई क्षेत्र भी बंद कर दिया है।

साथ ही, भारत ने 15 पाकिस्तानी यूट्यूब चैनलों पर प्रतिबंध लगा दिया है जो भारत विरोधी कंटेंट फैला रहे थे।

कई पाकिस्तानी नेताओं और मशहूर हस्तियों के सोशल मीडिया अकाउंट्स भी भारत में सस्पेंड कर दिए गए हैं।

राष्ट्रीय सुरक्षा पर कोई समझौता नहीं: भारत

भारत सरकार का साफ कहना है कि पहलगाम आतंकी हमले को अंजाम देने वालों और उनके सरपरस्तों को बख्शा नहीं जाएगा। भारत ने यह भी स्पष्ट किया है कि जब तक पाकिस्तान आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई नहीं करता, तब तक कोई नरमी नहीं बरती जाएगी।

ऐसे समय में जब भारत आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक लड़ाई लड़ रहा है, मौलाना मदनी जैसे बयान न सिर्फ विवादों को जन्म देते हैं बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा पर भी सवाल उठाते हैं। जहां एक ओर पूरा देश एकजुट है, वहीं ऐसे बयानों को लेकर बहस छिड़ गई है कि क्या यह समय राजनीतिक या वैचारिक बयानबाज़ी का है, या फिर राष्ट्रीय हितों के साथ खड़े होने का।

Share this content:

About The Author

error: Content is protected !!