दिल्ली से असम तक आसमान बना खतरा, अचानक क्यों बदला मौसम का मिज़ाज?”
देशभर में मौसम ने अचानक ऐसी करवट ली है कि उत्तर से लेकर पूरब तक आसमान लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। एक तरफ पूर्वोत्तर के राज्य बाढ़ की चपेट में हैं, तो दूसरी ओर उत्तर प्रदेश में आंधी-तूफान के चलते ऑरेंज अलर्ट जारी कर दिया गया है। इस सबके बीच दिल्ली, बिहार, मध्यप्रदेश, राजस्थान और हरियाणा में भी मौसम का मिज़ाज बुरी तरह से बदला हुआ है।
पूर्वोत्तर में तबाही का मंज़र
नॉर्थ ईस्ट के राज्यों में पिछले तीन दिनों से लगातार हो रही मूसलधार बारिश ने तबाही मचा दी है। मणिपुर की राजधानी इंफाल पानी में डूब गई है, वहीं त्रिपुरा, सिक्किम और असम के कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात हैं। अब तक कम से कम 26 लोगों की जान जा चुकी है। सड़कों पर पानी, लैंडस्लाइड की घटनाएं और बेघर होते लोग… इन राज्यों का दृश्य किसी त्रासदी से कम नहीं है।
गृह मंत्री ने की बात, मदद का भरोसा
बढ़ते खतरे को देखते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने सभी बाढ़ प्रभावित राज्यों के मुख्यमंत्रियों से फोन पर बात की है और केंद्र की ओर से हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया है। मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार, अगले 5 से 7 दिनों तक बारिश से राहत की कोई उम्मीद नहीं है।
उत्तर प्रदेश में खतरे की घंटी
इधर उत्तर प्रदेश में 14 जिलों में तेज आंधी और बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। लखनऊ और कानपुर जैसे बड़े शहर भी इसकी चपेट में हैं। पश्चिमी विक्षोभ और हवा की दिशा में बदलाव के चलते इन इलाकों में अचानक मौसम बिगड़ गया है। आज दोपहर से ही आसमान में काले बादल मंडराने लगे हैं।
राजधानी दिल्ली में भी बदला मिज़ाज
दिल्ली में भी रविवार शाम को तेज हवाओं और हल्की बारिश ने गर्मी से थोड़ी राहत दी। लेकिन मौसम विभाग का कहना है कि अगले 1-2 दिनों तक दिल्ली में धूल भरी आंधी और हल्की बारिश देखने को मिल सकती है। तापमान में मामूली गिरावट का अनुमान जताया गया है।
अन्य राज्यों की स्थिति
बिहार: अगले 4 दिनों तक उमस भरी गर्मी के बीच रुक-रुक कर बारिश हो सकती है।
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़: आज गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना जताई गई है।
राजस्थान: 2 से 4 जून के बीच तेज आंधी और 50-60 किमी/घंटा की रफ्तार से तूफान चलने की चेतावनी जारी की गई है।
हरियाणा: फिलहाल नौतपा का असर जारी है, लेकिन जल्द ही प्री-मानसून बारिश शुरू हो सकती है।
मौसम विभाग की बड़ी चेतावनी
भारतीय मौसम विभाग ने साफ कहा है कि देश के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक मौसम बेहद अस्थिर बना रहेगा। लोगों को बिना जरूरत घर से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है।
अब सवाल ये है कि क्या ये सब सिर्फ मानसून की आम दस्तक है या फिर जलवायु परिवर्तन की नई चेतावनी?
उत्तर से पूरब तक जो हो रहा है, वो महज़ मौसम नहीं, एक संकेत है—प्रकृति की शक्ति का और हमारे बदलते समय का।
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