April 25, 2026

आज का दिन पंचांग के अनुसार विशेष और शुभ संयोगों से युक्त है। दिन मंगलवार है और तिथि है वैशाख शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा। यह तिथि अर्धरात्रोत्तर 12 बजकर 36 मिनट तक रहेगी, उसके बाद द्वितीया तिथि का आरंभ होगा। विक्रम संवत 2082 और शक संवत 1947 के अनुसार आज ज्येष्ठ मास का आरंभिक दिन है, जबकि सौर गणना से यह वैशाख मास चल रहा है। मुस्लिम पंचांग के अनुसार आज जिल्काद 14, हिजरी 1446 है। सूर्य उत्तरायण में है और उत्तर गोलार्द्ध में स्थित है, जिससे ग्रीष्म ऋतु प्रभावी मानी जाती है। आज चंद्रमा वृश्चिक राशि में संचार करेगा, जो दिनभर प्रभावी रहेगा।

 

आज का नक्षत्र विशाखा है, जो सुबह 9 बजकर 9 मिनट तक प्रभावी रहेगा, इसके बाद अनुराधा नक्षत्र का प्रवेश होगा। योग की बात करें तो वरीयान योग प्रातः 5 बजकर 53 मिनट तक प्रभावी रहेगा, उसके बाद परिधि योग प्रारंभ होगा। करणों में आज पहले बालव करण है, जो पूर्वाह्न 11 बजकर 31 मिनट तक रहेगा और फिर तैतिल करण का आरंभ होगा। ग्रहों की इन चालों का जीवन के अलग-अलग क्षेत्रों पर प्रभाव पड़ता है, खासकर जब चंद्रमा वृश्चिक जैसे गंभीर और भावुक राशि में होता है।

 

आज का दिन धार्मिक रूप से भी अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि आज ज्येष्ठ मास का पहला बड़ा मंगलवार है। इस दिन को विशेष रूप से हनुमान जी की पूजा-अर्चना के लिए शुभ माना जाता है। श्रद्धालु रोट का भोग हनुमान जी को अर्पित करते हैं और उनके मंदिरों में विशेष अनुष्ठान व हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं। आज के दिन यदि विधिवत पूजा की जाए तो जीवन की कई बाधाएं दूर हो सकती हैं।

 

शुभ मुहूर्तों की बात करें तो ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4 बजकर 8 मिनट से 4 बजकर 50 मिनट तक रहेगा, जो ध्यान, साधना और पूजा-पाठ के लिए सर्वश्रेष्ठ माना जाता है। विजय मुहूर्त दोपहर 2 बजकर 33 मिनट से 3 बजकर 27 मिनट तक रहेगा, जो किसी कार्य की शुरुआत के लिए उत्तम है। गोधूलि बेला शाम 7 बजकर 2 मिनट से 7 बजकर 23 मिनट तक और निशीथ काल रात में 11 बजकर 56 मिनट से 12 बजकर 38 मिनट तक प्रभावी रहेगा। अमृत काल भी आज विशेष रूप से शुभ है, जो सुबह 10 बजकर 36 मिनट से दोपहर 12 बजकर 17 मिनट तक रहेगा।

 

आज के अशुभ मुहूर्तों की जानकारी रखना भी आवश्यक है ताकि किसी कार्य की शुरुआत उन समयों में न हो। दोपहर 3 बजे से 4 बजकर 30 मिनट तक राहुकाल रहेगा, जिसे अशुभ माना गया है। इसके अतिरिक्त गुलिक काल दोपहर 12 बजे से 1 बजकर 30 मिनट तक तथा यमगंड काल सुबह 9 बजे से 10 बजकर 30 मिनट तक रहेगा। दुर्मुहूर्त काल सुबह 8 बजकर 14 मिनट से 9 बजकर 8 मिनट तक प्रभावी रहेगा। इन समयों में नए कार्यों की शुरुआत करने से बचना चाहिए।

 

सूर्योदय आज सुबह 5 बजकर 31 मिनट पर होगा और सूर्यास्त शाम 7 बजकर 3 मिनट पर होगा। इन समयों के अनुसार ही पंचांग में बताई गई तिथियां और योग फलीभूत माने जाते हैं। कुल मिलाकर आज का दिन धार्मिक, ज्योतिषीय और सामाजिक दृष्टिकोण से बहुत महत्वपूर्ण है। यदि आज के दिन ग्रह स्थिति, मुहूर्त और उपायों का पालन किया जाए तो जीवन के कई क्षेत्रों में शुभता और सफलता प्राप्त हो सकती है।

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