रूस: मिखाइल खोडोरकोव्स्की पर पुतिन के खिलाफ तख्तापलट की साजिश का आरोप, FSB ने दर्ज किया मामला
रूस की खुफिया एजेंसी FSB ने एक बड़ी रिपोर्ट में खुलासा किया है कि निर्वासित क्रेमलिन आलोचक मिखाइल खोडोरकोव्स्की पुतिन के खिलाफ तख्तापलट की साजिश रच रहे हैं. उनके खिलाफ आरोप है कि उन्होंने आतंकवादी संगठन बनाने और हिंसक तरीके से सत्ता पर कब्जा करने की योजना बनाई. FSB ने मिखाइल और उनके सहयोगियों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया है और जांच शुरू कर दी है.
मिखाइल खोडोरकोव्स्की, जो कभी रूस के सबसे अमीर व्यक्ति रहे हैं, धोखाधड़ी के आरोपों में 10 साल तक साइबेरियाई जेल में भी रहे थे. 2013 में राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने उन्हें माफ किया, जिसके बाद वे रूस छोड़कर लंदन में बस गए. 2015 में रूस की एक अदालत ने उनके खिलाफ हत्या का आदेश देने के आरोप में अंतरराष्ट्रीय गिरफ्तारी वारंट भी जारी किया था.
FSB का आरोप है कि मिखाइल ने 2022 में रशियन एंटीवार कमेटी (RAC) की स्थापना की, खासकर यूक्रेन युद्ध के तेज होने के बाद. एजेंसी का कहना है कि इस संगठन का उद्देश्य रूस में हिंसक तरीके से सत्ता पर कब्जा करना और पुतिन की सत्ता का तख्तापलट करना था. RAC ने अपने दस्तावेज में कहा कि पुतिन का शासन अवैध और अपराधी है और इसे खत्म किया जाना चाहिए. साथ ही संगठन ने यह भी कहा कि वह यूक्रेन के खिलाफ रूसी आक्रामकता को रोकना चाहता है.
FSB का यह भी आरोप है कि मिखाइल और उनके सहयोगी यूक्रेनी सशस्त्र समूहों को फंड और मदद दे रहे हैं ताकि रूस में हिंसक तरीके से सत्ता पर कब्जा किया जा सके. एजेंसी ने कहा कि मिखाइल और उनके सहयोगियों के खिलाफ आतंकवाद भड़काने के आरोप में जांच चल रही है और उन्हें रूसी कानून के तहत सजा दी जाएगी.
यह मामला रूस में राजनीतिक उथल-पुथल के बीच सामने आया है और मिखाइल खोडोरकोव्स्की की योजनाओं को लेकर देश में चिंताएं बढ़ गई हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि अगर यह आरोप सही साबित होता है तो रूस में सत्ता और सुरक्षा के लिहाज से यह गंभीर स्थिति पैदा कर सकता है.
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