सर्दियों के शुरू होते ही ठंड के साथ प्रदूषण और धुंध बढ़ जाती है, जिससे सूरज की रोशनी कम मिल पाती है. विटामिन D का मुख्य स्रोत सूर्य की UVB किरणें होती हैं, लेकिन इस मौसम में देर से धूप निकलने और दिनभर धुंध छाए रहने से शरीर इसे पर्याप्त मात्रा में नहीं बना पाता. ठंड के कारण लोग घरों में ज्यादा समय बिताते हैं, जिससे धूप के संपर्क में आने का समय और कम हो जाता है. यही वजह है कि सर्दियों में विटामिन D की कमी सबसे ज्यादा दर्ज की जाती है.
विटामिन D की कमी का असर सीधे हड्डियों, मांसपेशियों और इम्यून सिस्टम पर पड़ता है. इसकी कमी से हड्डियां कमजोर होने लगती हैं और शरीर में दर्द, थकान, सुस्ती और मांसपेशियों में कमजोरी महसूस होने लगती है. कमजोर इम्यून सिस्टम के कारण सर्दी-जुकाम और फ्लू जल्दी पकड़ लेते हैं. बच्चों में यह कमी हड्डियों के विकास को प्रभावित करती है और बुजुर्गों में हड्डी टूटने का जोखिम बढ़ जाता है. इसलिए सर्दियों में विटामिन D का संतुलन बनाए रखना बेहद जरूरी है.
आरएमएल हॉस्पिटल के डॉ. सुभाष गिरी बताते हैं कि सर्दियों में सुबह की हल्की धूप विटामिन D का सबसे अच्छा स्रोत है. सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे के बीच 15–20 मिनट धूप में बैठना बेहद फायदेमंद होता है. इसके साथ ही डाइट में अंडे की जर्दी, मशरूम, फोर्टिफाइड दूध, दही, घी और फैटी फिश जैसे खाद्य पदार्थ शामिल करने चाहिए. जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह से सप्लीमेंट भी लिए जा सकते हैं. नियमित एक्सरसाइज और संतुलित आहार शरीर को पोषक तत्व अवशोषित करने में मदद करते हैं.
सर्दियों के शुरू होते ही ठंड के साथ प्रदूषण और धुंध बढ़ जाती है, जिससे सूरज की रोशनी कम मिल पाती है. विटामिन D का मुख्य स्रोत सूर्य की UVB किरणें होती हैं, लेकिन इस मौसम में देर से धूप निकलने और दिनभर धुंध छाए रहने से शरीर इसे पर्याप्त मात्रा में नहीं बना पाता. ठंड के कारण लोग घरों में ज्यादा समय बिताते हैं, जिससे धूप के संपर्क में आने का समय और कम हो जाता है. यही वजह है कि सर्दियों में विटामिन D की कमी सबसे ज्यादा दर्ज की जाती है.
विटामिन D की कमी का असर सीधे हड्डियों, मांसपेशियों और इम्यून सिस्टम पर पड़ता है. इसकी कमी से हड्डियां कमजोर होने लगती हैं और शरीर में दर्द, थकान, सुस्ती और मांसपेशियों में कमजोरी महसूस होने लगती है. कमजोर इम्यून सिस्टम के कारण सर्दी-जुकाम और फ्लू जल्दी पकड़ लेते हैं. बच्चों में यह कमी हड्डियों के विकास को प्रभावित करती है और बुजुर्गों में हड्डी टूटने का जोखिम बढ़ जाता है. इसलिए सर्दियों में विटामिन D का संतुलन बनाए रखना बेहद जरूरी है.
आरएमएल हॉस्पिटल के डॉ. सुभाष गिरी बताते हैं कि सर्दियों में सुबह की हल्की धूप विटामिन D का सबसे अच्छा स्रोत है. सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे के बीच 15–20 मिनट धूप में बैठना बेहद फायदेमंद होता है. इसके साथ ही डाइट में अंडे की जर्दी, मशरूम, फोर्टिफाइड दूध, दही, घी और फैटी फिश जैसे खाद्य पदार्थ शामिल करने चाहिए. जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह से सप्लीमेंट भी लिए जा सकते हैं. नियमित एक्सरसाइज और संतुलित आहार शरीर को पोषक तत्व अवशोषित करने में मदद करते हैं.
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