दिल्ली में ईरानी दूतावास पहुंचे विदेश सचिव, अली खामेनेई की मौत पर भारत ने जताया शोक
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत पर भारत सरकार ने गहरा शोक व्यक्त किया है। इसी क्रम में भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री नई दिल्ली स्थित ईरानी दूतावास पहुंचे और कंडोलेंस रजिस्टर पर हस्ताक्षर कर संवेदनाएं प्रकट कीं। भारत की ओर से यह कदम दोनों देशों के बीच कूटनीतिक सम्मान और संवेदना के रूप में देखा जा रहा है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत 28 फरवरी को हुए अमेरिका और इजराइल के संयुक्त हवाई हमलों में हुई थी। इन हमलों में उनके आवासीय परिसर को निशाना बनाया गया, जहां कई मिसाइलें दागी गईं। इस हमले में उनके परिवार के कई सदस्य भी मारे गए, जबकि उनकी पत्नी मंसूरेह खोजस्तेह बाघेरजादेह गंभीर रूप से घायल हुई थीं और बाद में इलाज के दौरान उनकी भी मौत हो गई।
गौरतलब है कि अयातुल्ला अली खामेनेई वर्ष 1989 से ईरान के सर्वोच्च नेता थे और देश की राजनीतिक व धार्मिक व्यवस्था में सबसे शक्तिशाली पद पर आसीन थे। उनकी मौत के बाद ईरान में नए सुप्रीम लीडर को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार उनके बेटे मोज्तबा खामेनेई का नाम संभावित उत्तराधिकारी के रूप में सामने आ रहा है, हालांकि अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
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