डिजिटल अरेस्ट कर ठगी करने वाले गिरोह के 41 सदस्य STF के निशाने पर, दो जालसाज गिरफ्तार
लखनऊ में एसटीएफ ने डिजिटल अरेस्ट के जरिए ठगी करने वाले एक बड़े साइबर गिरोह के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। सीबीआई, नारकोटिक्स और क्राइम ब्रांच जैसी एजेंसियों का भय दिखाकर लोगों से धोखाधड़ी करने वाले इस गिरोह के 41 सदस्यों की तलाश शुरू कर दी गई है। पुलिस ने अब तक दो जालसाजों को गिरफ्तार किया है, जो गिरोह के अन्य सदस्यों के लिए किराए पर बैंक खाते उपलब्ध कराते थे। शनिवार को गोमतीनगर विस्तार के खरगापुर स्थित एक होटल के पास से एसटीएफ की टीम ने प्रयागराज के हसनपुर निवासी विरेंद्र यादव उर्फ सूरज और चिनहट के देवा रोड निवासी सुरजीत कुमार को दबोच लिया। आरोपितों के मोबाइल फोन की जांच में वॉट्सऐप चैटिंग और ठगी की रकम ट्रांसफर से जुड़े 41 स्क्रीनशॉट मिले हैं, जिनके आधार पर पूरे नेटवर्क की पहचान की जा रही है।
जांच में सामने आया है कि यह गिरोह डिजिटल तरीके से लोगों को फर्जी आरोपों में फंसाने की धमकी देता था और फिर उनसे मोटी रकम वसूलता था। गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिली हैं, जिसके आधार पर अन्य सदस्यों की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी गई है। साथ ही रेंट पर खाते देने वाले नेटवर्क पर भी पुलिस निगरानी बढ़ा रही है ताकि ठगी के पैसों के लेनदेन की श्रृंखला को तोड़ा जा सके। एसटीएफ का कहना है कि जल्द ही पूरे गिरोह का पर्दाफाश कर लिया जाएगा और इसमें शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
Share this content:
